हमारे बारे में

सौतुक.कॉम एक ऑनलाइन समाचार पत्रिका है. यहाँ उन खबरों पर अधिक जोर दिया जाता है जिसपर मीडिया की नज़र अमूमन नहीं जाती. आज के समय में जब सूचनाओं का अंबार लगा हुआ है, सौतुक जरुरी मुद्दों पर बहस खड़ा करना चाहता है जो सूचनाओं की इस भीड़ की वजह से पीछे छूट जा रहे हैं. पढने-लिखने की परंपरा को आगे बढाते हुए हमारा प्रयास है कि सौतुक पर ज़रूरी मुद्दों के विश्लेषण के साथ साहित्य और ज्ञान-विज्ञान को भी समुचित स्थान दिया जा सके. एक स्वस्थ समाज के लिए मनोरंजन भी काफी महत्वपूर्ण है इसलिए इस विधा पर भी समुचित सामग्री उपलब्ध कराई जाती है.

 

सलाहकार मंडल

चंदन पांडेय: कहानीकार. भारतीय ज्ञानपीठ से दो और पेंगुइन हिंदी से एक पुस्तक प्रकाशित. साहित्य के कई पुरस्कार, कई भाषाओं में रचनाओं का अनुवाद. वर्तमान में एक मल्टीनेशनल कंपनी में कार्यरत

आशीष झा: एक दशक से अधिक पत्रकारिता का अनुभव. पीटीआई जैसे समाचार एजेंसी के साथ साथ शिक्षा पत्रकारिता से सम्बंधित कई स्टार्ट-अप के साथ काम किया. शिक्षा पत्रकारिता का एक बड़ा नाम.

श्वेता सिंह: बीएचयु से अपनी पीएचडी पूरी कर चुकीं श्वेता, पत्र-पत्रिकाओं में सम-सामायिक मुद्दों पर अपनी शोधपरक राय रखती रहती हैं. पत्रकारिता से पहले पीआर एवं ब्रॉडकास्ट में भी इनका लम्बा अनुभव है.

हमारे लेखक 

उमंग कुमार: पत्रकारिता में दस वर्षों से अधिक का अनुभव. कई राष्ट्रीय पत्र-पत्रिकाओं को अपनी सेवाएं प्रदान की हैं

शिखा कौशिक: शिखा स्वतंत्र पत्रकार रही हैं. अब पिछले काफी समय से सौतुक से जुड़ी हुई हैं.

जितेन्द्र राजाराम: मैनेजमेंट की पढाई करने के बाद कई साल तक पठन-पाठन में लगे रहे. फिर राजनीति की बारीकियों को समझने का शौक चढ़ा. इन सबके दरम्यान विभिन्न विषयों पर लिखना जारी रहा.

रजनीश जे जैन:  जवाहरलाल नेहरु विश्वविद्यालय से शिक्षा पूरी की. सिनेमा और कला पर लिखने का लम्बा अनुभव

तकनिकी सहयोग

समय सिंह: सौतुक.कॉम के सोशल मीडिया प्रबंधक. कई वेबसाइट और स्टार्ट अप को दसियों साल तक अपनी सेवाएँ दीं. सौतुक का तकनिकी प्रभार आपके पास है